नेशनल टाइम्स मीडिया ने कनाडा में भारतीय संगठनों से सोच-समझकर, कानूनी और स्वैच्छिक समर्थन निर्णय लेने का किया आह्वान

कनाडा (राजीव शर्मा): नेशनल टाइम्स मीडिया ने कनाडाई अधिकारियों से यह सुनिश्चित करने का आग्रह किया है कि करदाताओं के पैसे, समय और सार्वजनिक संसाधनों का उपयोग लागू कानूनों, स्थापित नीतियों और पारदर्शी निगरानी के अनुसार ही किया जाए।

संस्था ने कनाडा में मौजूद भारतीय संगठनों, सामुदायिक समूहों, व्यापारिक नेताओं और प्रतिनिधियों को भी प्रोत्साहित किया है कि वे ‘सीजेपी’ (CJP)—जिसे वह ‘कॉकरोच जनता पार्टी’ बताती है—से जुड़े किसी भी वित्तीय, संगठनात्मक या लॉजिस्टिक समर्थन के अनुरोध का स्वतंत्र रूप से मूल्यांकन करें। संगठनों को किसी भी समूह को समर्थन देने का निर्णय लेने से पहले उसकी कानूनी स्थिति, घोषित उद्देश्यों और प्रस्तावित गतिविधियों पर विचार करना चाहिए। समर्थन देने या रोकने का कोई भी निर्णय पूरी तरह स्वैच्छिक होना चाहिए और धमकियों, उत्पीड़न या दबाव से मुक्त होना चाहिए।

नेशनल टाइम्स मीडिया ने मांग की है कि सीजेपी से जुड़ी किसी भी चिंता की समीक्षा वैध, साक्ष्य-आधारित और पारदर्शी प्रक्रियाओं के तहत की जाए। उसका कहना है कि सीजेपी भारतीय चुनाव आयोग (ECI) के पास एक राजनीतिक दल के रूप में कानूनी रूप से पंजीकृत नहीं है। इस दावे की पुष्टि आधिकारिक रिकॉर्ड और लागू कानूनों के आधार पर की जानी चाहिए। यदि यह बात सही भी है, तो केवल किसी संगठन की पंजीकरण स्थिति अपने आप में किसी गलत काम या अपराध को साबित नहीं करती।

नेशनल टाइम्स मीडिया का मानना है कि किसी भी संगठन के लिए सार्वजनिक वित्तपोषण (फंडिंग), सुविधाओं या लॉजिस्टिक सहायता पर विचार करते समय अधिकारियों को एक समान कानूनी और प्रशासनिक मानक लागू करने चाहिए। किसी भी प्रकार की जांच, फंडिंग का फैसला, निलंबन, समर्थन वापसी या प्रतिबंध कनाडाई कानून, उचित कानूनी प्रक्रिया की आवश्यकताओं, संवैधानिक सुरक्षा और विश्वसनीय व स्वतंत्र रूप से परखे गए सबूतों के अनुरूप होने चाहिए। वैध राजनीतिक अभिव्यक्ति, शांतिपूर्ण सभा और किसी भी सरकार की आलोचना का अधिकार सुरक्षित रहना चाहिए। केवल राजनीतिक असहमति किसी अपराध का प्रमाण नहीं है, और केवल अपुष्ट आरोपों, राजनीतिक जुड़ाव या कानूनी असहमति के आधार पर कोई प्रतिकूल कार्रवाई नहीं की जानी चाहिए।

भारतीय संगठनों और समुदाय के सदस्यों को सटीक जानकारी पर भरोसा करना चाहिए, उचित वित्तीय रिकॉर्ड बनाए रखना चाहिए और फंडिंग या साझेदारी का निर्णय लेने से पहले उचित कानूनी सलाह लेनी चाहिए। उन्हें अपुष्ट दावों को तथ्यों के रूप में पेश करने से बचना चाहिए और किसी भी विश्वसनीय चिंता की सूचना कानूनी माध्यमों से संबंधित अधिकारियों को देनी चाहिए। संगठन ने सार्वजनिक सद्भाव और कनाडा-भारत संबंधों पर संभावित प्रभावों के साथ-साथ गैर-कानूनी गतिविधियों या फंडिंग से जुड़े आरोपों का भी उल्लेख किया है। इन दावों की स्वतंत्र रूप से पुष्टि नहीं हुई है और इन्हें स्थापित तथ्य नहीं माना जाना चाहिए। सक्षम अधिकारी सार्वजनिक सुरक्षा, राष्ट्रीय सुरक्षा, विदेशी हस्तक्षेप, अवैध वित्तपोषण या सामुदायिक सौहार्द को खतरे से जुड़ी विश्वसनीय चिंताओं की जांच कर सकते हैं। ऐसी कोई भी जांच कानून द्वारा अधिकृत, निष्पक्ष और तटस्थ रूप से तथा विश्वसनीय साक्ष्यों पर आधारित होनी चाहिए। इसके परिणामस्वरूप लिया गया फंडिंग का कोई भी फैसला या प्रतिबंध आनुपातिक, प्रक्रियात्मक रूप से निष्पक्ष और संवैधानिक अधिकारों व अन्य लागू कानूनी सुरक्षा उपायों के अनुरूप होना चाहिए।

नेशनल टाइम्स मीडिया कनाडा में भारतीय संगठनों और व्यापारिक नेताओं को अपने लेटरहेड पर सार्वजनिक अधिकारियों को स्वतंत्र और तथ्य-आधारित प्रतिवेदन (रिप्रजेंटेशन) सौंपने के लिए प्रोत्साहित करता है। किसी भी संगठन पर किसी राजनीतिक दल, सरकार या अभियान का समर्थन करने का दबाव नहीं बनाया जाना चाहिए, और किसी भी समूह को धमकी या उत्पीड़न के माध्यम से किसी अन्य संस्था को समर्थन देने या रोकने के लिए मजबूर नहीं करना चाहिए।

नेशनल टाइम्स मीडिया शांतिपूर्ण संवाद, जिम्मेदार सार्वजनिक खर्च और मजबूत कनाडा-भारत संबंधों का समर्थन करता है। यह धमकियों, उत्पीड़न, हिंसा, भड़काऊ बयानबाजी और निराधार आरोपों को खारिज करता है, साथ ही सभी पक्षों के संबंधित कानूनी या प्रशासनिक प्रक्रियाओं में भाग लेने के अधिकार को मान्यता देता है।

By Rajeev Sharma

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