चंडीगढ़(बलविंदर सिंह):हरियाणा के उद्योग एवं वाणिज्य मंत्री राव नरबीर सिंह ने कहा कि देश की आर्थिक राजधानी मुंबई में देश-विदेश के निवेशकों को हरियाणा में निवेश के लिए आकर्षित करने के उद्देश्य से 23 और 24 अगस्त को ‘हैपनिंग हरियाणा’ रोडशो आयोजित किया जाएगा। रोडशो के माध्यम से निवेशकों को हरियाणा की औद्योगिक क्षमता, मजबूत आधारभूत ढांचे और निवेश के लिए उपलब्ध कराई जा रही सुविधाओं की जानकारी दी जाएगी।
राव नरबीर सिंह ने बताया कि रोडशो का मुख्य उद्देश्य प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत-2047 के विजन में हरियाणा की भूमिका को प्रदर्शित करना तथा प्रदेश को औद्योगिक एवं निवेश के प्रमुख केंद्र के रूप में प्रस्तुत करना है। उन्होंने कहा कि हरियाणा सरकार इस दिशा में व्यापक तैयारियां कर रही है और प्रदेश के भविष्य के विकास का खाका तैयार करने के लिए प्रमुख विभागों द्वारा हरियाणा विजन डॉक्यूमेंट-2030 तैयार किया गया है, जिसकी निरंतर निगरानी मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी स्वयं कर रहे हैं।
उद्योग मंत्री ने कहा कि हरियाणा ने हाल ही में अपनी औद्योगिक नीति में महत्वपूर्ण संशोधन किए हैं और नई एमएसएमई नीति भी लागू की है। इन नीतियों के तहत वर्ष 2030 तक एमएसएमई क्षेत्र में 55 लाख करोड़ रुपये के निवेश और 5 लाख रोजगार के अवसर सृजित करने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। रोडशो में निवेशकों को इन नीतियों के तहत मिलने वाले प्रोत्साहनों और निवेश को आसान बनाने के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी दी जाएगी।
उन्होंने बताया कि नई औद्योगिक नीति और एमएसएमई नीति के तहत हरियाणा में निवेश के लिए समझौता ज्ञापन (एमओयू) करने वाले निवेशकों के प्रतिनिधियों के साथ 27 अगस्त को चंडीगढ़ में मुख्यमंत्री श्री नायब सिंह सैनी सीधा संवाद करेंगे। इस दौरान निवेशकों को प्रदेश में उपलब्ध कराई जा रही निवेश सुगम नीतियों, सुविधाओं और कार्यक्रमों के बारे में विस्तार से जानकारी दी जाएगी।
राव नरबीर सिंह ने कहा कि मुंबई रोडशो के दौरान निवेशकों को हरियाणा में विकसित की जा रही 10 नई औद्योगिक मॉडल टाउनशिप (आईएमटी) के बारे में भी अवगत कराया जाएगा। इसके अलावा, 135 किलोमीटर लंबे कुंडली-मानेसर एक्सप्रेसवे के दोनों ओर पंचग्राम विकास प्राधिकरण के माध्यम से विकसित किए जा रहे पांच नए शहरों की संभावनाओं को भी निवेशकों के सामने रखा जाएगा।
उन्होंने कहा कि हरियाणा की मजबूत रेल, सड़क और हवाई कनेक्टिविटी, दिल्ली-एनसीआर से निकटता तथा तेजी से विकसित हो रहा औद्योगिक ढांचा प्रदेश को निवेश के लिए विशेष रूप से आकर्षक बनाता है। मुंबई में होने वाला रोडशो इन सभी खूबियों को राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय निवेशकों के समक्ष प्रभावी ढंग से प्रस्तुत करने का महत्वपूर्ण मंच बनेगा।
उद्योग मंत्री ने कहा कि हरियाणा सरकार का लक्ष्य केवल निवेश आकर्षित करना नहीं, बल्कि ऐसा औद्योगिक वातावरण तैयार करना है, जिससे निवेश, रोजगार और आर्थिक विकास को गति मिले तथा विकसित भारत के निर्माण में हरियाणा अग्रणी भूमिका निभा सके।
