विक्टोरिया (राजीव शर्मा): ब्रिटिश कोलंबिया (बी.सी.) की कंजर्वेटिव पार्टी इन दिनों आंतरिक फेरबदल के दौर से गुजर रही है। संभावित प्रांतीय चुनावों की तैयारियों के बीच पार्टी कॉकस से कई नेताओं के इस्तीफे, निष्कासन और पार्टी के नेतृत्व व भावी दिशा को लेकर सार्वजनिक मतभेद खुलकर सामने आ गए हैं।
ताजा घटनाक्रम 18 सितंबर को देखने को मिला, जब पार्टी नेता केरी-लिन फाइंडले ने घोषणा की कि जॉन रुस्टाड, ट्रेवर हालफोर्ड और क्लेयर रैटी अब कंजर्वेटिव कॉकस के सदस्य नहीं रहेंगे। मई में फाइंडले के पार्टी नेता बनने के बाद से कॉकस में नेताओं के बाहर होने की यह कोई पहली घटना नहीं है, इससे पहले भी कई नेता अलग हो चुके हैं।
इन बदलावों ने पार्टी के मौजूदा और पूर्व सदस्यों के बीच फाइंडले के नेतृत्व, कॉकस के भीतर आपसी संवाद और आगामी चुनावों की तैयारियों को लेकर सार्वजनिक बहस छेड़ दी है। कुछ सदस्यों ने पार्टी नेतृत्व में बदलाव की मांग की है, जबकि फाइंडले का कहना है कि उन्हें पार्टी के नेतृत्व चुनाव से स्पष्ट जनादेश प्राप्त है।
पार्टी को आंतरिक विवादों से जुड़े लोगों की जांच के लिए एक निजी जासूस (प्राइवेट इन्वेस्टिगेटर) की सेवाएं लेने के आरोपों पर भी सवालों का सामना करना पड़ रहा है। इस मामले से जुड़ी परिस्थितियों, जिसमें जासूस की नियुक्ति की आधिकारिक मंजूरी और पार्टी संसाधनों का इस्तेमाल शामिल है, पर अलग-अलग दावे किए जा रहे हैं।
इसके अलावा, एक लीक हुए ऑडियो रिकॉर्डिंग से जुड़े विवाद ने भी पार्टी के अंदरूनी मामलों पर चर्चा तेज कर दी है। फाइंडले ने इस रिकॉर्डिंग की व्याख्याओं पर आपत्ति जताई है और उन आरोपों को सिरे से खारिज किया है जिनमें कहा गया था कि उन्होंने इस्तीफों के बदले अनुचित तरीके से राजनीतिक पदों की पेशकश की थी।
आंतरिक मतभेदों के बावजूद फाइंडले ने पार्टी नेता के रूप में बने रहने का संकल्प दोहराया है। उन्होंने 17 सितंबर को स्पष्ट किया कि वह “कहीं नहीं जा रही हैं” और मई के नेतृत्व मुकाबले से मिले जनादेश पर जोर दिया।
यह पूरा घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आ रहा है जब बी.सी. कंजर्वेटिव्स 26 सितंबर को एबॉट्सफ़ोर्ड-मिशन उपचुनाव की तैयारी कर रहे हैं और अगले प्रांतीय चुनावों की रणनीति तैयार करने में जुटे हैं। कॉकस में लगातार हो रहे बदलावों से पार्टी के आंतरिक संगठन, उम्मीदवारों के समन्वय, संचार और चुनावी तैयारियों पर असर पड़ सकता है।
फिलहाल, केरी-लिन फाइंडले बी.सी. कंजर्वेटिव पार्टी की नेता बनी हुई हैं, जबकि पार्टी के नेतृत्व और दिशा को लेकर अंदरूनी चर्चाएं और असहमति का दौर बदस्तूर जारी है।
