06
Aug
नई दिल्ली(राजीव शर्मा): भारत में अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी के उत्पादन और विनिर्माण को बढ़ावा देने के लिए सरकार की ओर से शुरू की गई योजनाओं/पहलों का विवरण निम्नलिखित है; अंतरिक्ष क्षेत्र के लिए उदारीकृत प्रत्यक्ष विदेशी निवेश (एफडीआई) नीति की शुरुआत।गैर-सरकारी संस्थाओं (एनजीई) को इसरो की सुविधाओं का लाभ लेने के लिए रियायती मूल्य नीति का कार्यान्वयन।अंतरिक्ष क्षेत्र से जुड़े स्टार्टअप्स को समर्थन देने के लिए 1,000 करोड़ रुपये के वेंचर कैपिटल (वीसी) फंड की स्थापना।स्वदेशी अंतरिक्ष प्रौद्योगिकियों के विकास, प्रदर्शन और व्यावसायीकरण में तेजी लाने के लिए 500 करोड़ रुपये के प्रौद्योगिकी अभिग्रहण कोष (टीएएफ) का शुभारम्भ किया गया है।निजी…
