नई दिल्ली(राजीव शर्मा): त्रिपुरा के पुलिस महानिदेशक (DGP) अनुराग धनखड़ सोमवार को अगरतला स्थित राज्य पुलिस मुख्यालय के भीतर मृत पाए गए। अधिकारियों ने बताया कि उनकी मौत की परिस्थितियों की जांच की जा रही है और प्रारंभिक रिपोर्टों के अनुसार यह आत्महत्या का मामला हो सकता है, हालांकि कारणों की आधिकारिक पुष्टि अभी नहीं हुई है।
धनखड़, 1994 बैच के भारतीय पुलिस सेवा (IPS) अधिकारी, अपने कार्यालय परिसर के भीतर पाए गए, जिसके बाद उन्हें तुरंत जी.बी. पंत अस्पताल ले जाया गया, जहाँ डॉक्टरों ने उन्हें मृत घोषित कर दिया।
घटना की सूचना मिलते ही त्रिपुरा के मुख्यमंत्री माणिक साहा, मुख्य सचिव जे.के. सिन्हा और कई वरिष्ठ सरकारी अधिकारी स्थिति की समीक्षा के लिए अस्पताल पहुँचे।
घटना के तुरंत बाद वरिष्ठ पुलिस अधिकारी और फॉरेंसिक विशेषज्ञ पुलिस मुख्यालय पहुँचे। क्षेत्र की बारीकी से जांच की गई और सबूत एकत्र किए गए, ताकि घटनाक्रम की सटीक श्रृंखला और मौत के कारणों का पता लगाया जा सके।
अधिकारियों ने कहा कि मामले के सभी पहलुओं की पड़ताल की जा रही है और फॉरेंसिक परीक्षा तथा अन्य जांच प्रक्रियाओं की रिपोर्ट से धनखड़ की मौत के कारणों और परिस्थितियों पर स्थिति स्पष्ट होगी।
इस घटना ने राज्य के प्रशासनिक तंत्र और पुलिस विभाग को गहरे सदमे में डाल दिया है। त्रिपुरा पुलिस प्रमुख के रूप में धनखड़ पूरे राज्य में कानून‑व्यवस्था और आंतरिक सुरक्षा मामलों की देखरेख कर रहे थे।
गौरतलब है कि घटना से ठीक एक दिन पहले धनखड़ ने मीडिया को संबोधित करते हुए कहा था कि त्रिपुरा में कानून‑व्यवस्था की स्थिति स्थिर है। उन्होंने भारत‑बांग्लादेश सीमा पर निगरानी मजबूत करने के लिए त्रिपुरा पुलिस और बॉर्डर सिक्योरिटी फोर्स (BSF) के बीच घनिष्ठ समन्वय को भी रेखांकित किया था।
पुलिस ने अभी तक कोई अतिरिक्त जानकारी साझा नहीं की है और धनखड़ की मौत के कारणों पर आधिकारिक बयान का इंतज़ार किया जा रहा है।
