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Sep
नई दिल्ली(राजीव शर्मा):कोच्चि स्थित आईसीएआर-सेंट्रल मरीन फिशरीज रिसर्च इंस्टीट्यूट (आईसीएआर-सीएमएफआरआई) ने उपभोक्ताओं को सलाह दी है कि वे सिर्फ किसी खास भौगोलिक इलाके की मछलियों में पैरासाइट संक्रमण मिलने की खबरों के आधार पर टूना या बाज़ार में मिलने वाली दूसरी मछलियों को खाना न छोड़ें। संस्थान ने कहा कि टूना समेत भारतीय तट पर जांची गई मछलियों में हानिकारक पैरासाइट संक्रमण के बाहरी लक्षण नहीं दिखे हैं और दूसरे इलाकों में मिली ऐसी जानकारी को भारतीय जलक्षेत्र में पकड़ी गई मछलियों पर लागू नहीं किया जाना चाहिए। यह सलाह ब्राज़ील के पास अटलांटिक महासागर की मछलियों पर हुई एक…
