पंजाब के फगवाड़ा स्थित लवली प्रोफेशनल यूनिवर्सिटी (LPU) में हुई हिंसा और तोड़फोड़ के मामले में पुलिस ने तीन आरोपियों को गिरफ्तार किया है। पुलिस के मुताबिक, आरोपियों की पहचान गगन, जेम्स दहिया और अभी के रूप में हुई है। तीनों फगवाड़ा क्षेत्र के रहने वाले हैं। पुलिस ने डिजिटल सबूतों और CCTV फुटेज की मदद से आरोपियों की पहचान की। उन्हें अदालत में पेश किया गया, जहां से तीनों को तीन दिन की पुलिस रिमांड पर भेज दिया गया।
पुलिस के अनुसार, गिरफ्तार आरोपियों में जेम्स LPU का छात्र है, जबकि गगन करीब डेढ़ महीने से पिज्जा डिलीवरी का काम कर रहा था। पुलिस ने अभी तीनों की हिंसा में अलग-अलग भूमिका के बारे में विस्तृत जानकारी सार्वजनिक नहीं की है। मामले की जांच जारी है।
LPU में 26 सितंबर की रात सोशल मीडिया पर एक महिला छात्रा के साथ कथित यौन उत्पीड़न की खबरें फैलने के बाद तनाव बढ़ गया था। इन दावों के बाद बड़ी संख्या में छात्र प्रदर्शन करने लगे। इसके बाद यूनिवर्सिटी परिसर में तोड़फोड़ हुई, दुकानों को नुकसान पहुंचाया गया और वाहनों में आग लगाने की घटनाएं सामने आईं। प्रदर्शनकारियों ने जालंधर-फगवाड़ा मार्ग पर राष्ट्रीय राजमार्ग-44 भी कई घंटों तक बाधित किया।
पुलिस ने हिंसा से जुड़े मामलों में कई FIR दर्ज की हैं और जांच के लिए विशेष जांच टीम (SIT) का गठन किया गया है। जांच टीम CCTV फुटेज और दूसरे डिजिटल सबूतों की मदद से हिंसा में शामिल अन्य लोगों की पहचान कर रही है। LPU के परिसर में करीब 5,500 CCTV कैमरों का नेटवर्क बताया गया है, जिसकी फुटेज भी जांच के लिए ली जा रही है।
हिंसा की शुरुआत जिस कथित यौन उत्पीड़न की खबर से हुई थी, उसकी जांच भी अलग से की जा रही है। पुलिस ने इस संबंध में अज्ञात व्यक्ति के खिलाफ मामला दर्ज किया था। हालांकि, शुरुआती जांच में पुलिस को दावे की पुष्टि करने वाला ठोस सबूत नहीं मिला है। तीन छात्राओं ने भी कथित घटना से इनकार किया है। इस मामले की जांच के लिए भी SIT गठित की गई है।
पुलिस अब गिरफ्तार आरोपियों से पूछताछ कर यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हिंसा और तोड़फोड़ में उनकी क्या भूमिका थी और उनके साथ और कौन-कौन लोग शामिल थे। अधिकारियों के मुताबिक, डिजिटल साक्ष्यों की जांच के आधार पर आगे और गिरफ्तारियां हो सकती हैं।
