हिसार के कैमरी रोड स्थित स्काई हॉक्स क्रिकेट ग्राउंड में रविवार रात शराब ठेकेदार नरेश की गोली मारकर हत्या कर दी गई। बाइक पर आए तीन नकाबपोश बदमाशों ने नरेश और उसके साथी धर्मबीर पर ताबड़तोड़ फायरिंग की। नरेश को कई गोलियां लगीं और उसने मौके पर ही दम तोड़ दिया, जबकि धर्मबीर गंभीर रूप से घायल हो गया। उसे इलाज के लिए अस्पताल में भर्ती कराया गया है। पुलिस ने मौके से करीब 15 से 16 खाली कारतूस बरामद किए हैं।
घटना उस समय हुई, जब क्रिकेट ग्राउंड में मैच खत्म हो चुका था। रिपोर्टों के मुताबिक, मैच रात करीब 11 बजे खत्म हुआ था। इसके करीब 20 से 25 मिनट बाद तीन नकाबपोश बदमाश बाइक पर ग्राउंड में पहुंचे और नरेश व धर्मबीर पर गोलियां चला दीं। फायरिंग के बाद आरोपी मौके से फरार हो गए। उस समय ग्राउंड पर कई लोग मौजूद थे।
इस वारदात से पहले इसी ग्राउंड पर आजाद नगर थाना प्रभारी मनदीप कुमार भी क्रिकेट खेल रहे थे। मैच खत्म होने के बाद हुई प्राइज डिस्ट्रीब्यूशन सेरेमनी में SHO मनदीप कुमार और नरेश ने साथ में फोटो भी खिंचवाई थी। इसके कुछ ही देर बाद नरेश को गोलियां मार दी गईं। इस वजह से घटना के समय और उससे पहले की गतिविधियों को लेकर पुलिस जांच कर रही है।
मृतक नरेश हिसार जिले के हरिता गांव का रहने वाला था। उसकी उम्र करीब 34 साल बताई गई है। वह शराब का ठेका चलाने के अलावा क्रिकेट ग्राउंड में कैंटीन भी संचालित करता था। पुलिस के मुताबिक, नरेश के खिलाफ पहले से कुछ आपराधिक मामले दर्ज थे, जिनमें हत्या, हत्या के प्रयास और आर्म्स एक्ट से जुड़े मामले शामिल हैं। हालांकि, पुलिस ने फिलहाल इस बात की पुष्टि नहीं की है कि पुराने आपराधिक मामलों का मौजूदा हत्या से कोई संबंध है।
हमले में नरेश के साथी धर्मबीर को भी गोलियां लगीं। पुलिस के अनुसार, हमलावरों ने उस पर भी फायरिंग की। धर्मबीर ने जान बचाने के लिए भागने की कोशिश की, लेकिन वह भी गोली लगने से घायल हो गया। उसे गंभीर हालत में अस्पताल ले जाया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
फायरिंग की सूचना मिलते ही आजाद नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस और फोरेंसिक टीम ने घटनास्थल से सबूत जुटाए। आसपास लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज भी खंगाली जा रही है। पुलिस यह पता लगाने की कोशिश कर रही है कि हमलावर कौन थे और उन्होंने नरेश को निशाना क्यों बनाया। फिलहाल हत्या के पीछे की वजह स्पष्ट नहीं हुई है।
पुलिस के सामने अब हमलावरों की पहचान करने के साथ-साथ यह पता लगाने की चुनौती है कि उन्हें नरेश की मौजूदगी की जानकारी कैसे मिली। जिस समय वारदात हुई, उस समय ग्राउंड पर लोग मौजूद थे। इसलिए पुलिस घटनास्थल पर मौजूद लोगों से भी पूछताछ कर रही है। मामले में आगे की जांच के बाद ही हत्या की वजह और आरोपियों की भूमिका स्पष्ट हो सकेगी।
