अमृतसर (गुरप्रीत सिंह): कॉकरोच जनता पार्टी (CJP) अपने देशव्यापी अभियान का विस्तार पंजाब में करने जा रही है, जिसके तहत आज अमृतसर में एक विरोध प्रदर्शन आयोजित किया जाएगा। पार्टी के संस्थापक अभिजीत दीपके इस प्रदर्शन का नेतृत्व कर सकते हैं। उन्होंने छात्रों और युवा नागरिकों से इस शांतिपूर्ण आंदोलन में शामिल होने का आह्वान किया है, जिसे वे शिक्षा प्रणाली में जवाबदेही की मांग करने वाला आंदोलन बता रहे हैं।
आयोजकों के अनुसार, समर्थकों को शाम के समय ‘गोल्डन गेट’ के पास इकट्ठा होने के लिए कहा गया है, जहां नीट (NEET) और सीबीएसई (CBSE) परीक्षाओं से जुड़ी चिंताओं को प्रमुखता से उठाया जाएगा। इस प्रदर्शन के दौरान केंद्रीय शिक्षा मंत्री धर्मेंद्र प्रधान के इस्तीफे की मांग को भी दोहराया जाएगा। पार्टी नेताओं का आरोप है कि देश भर के छात्र बेहतर पारदर्शिता और निष्पक्षता के हकदार हैं।
अमृतसर में होने वाला यह कार्यक्रम कई राज्यों में सीजेपी (CJP) द्वारा शुरू किए गए एक व्यापक अभियान का हिस्सा है। इस पहल की शुरुआत पुणे से हुई थी और इसके बाद यह लखनऊ पहुँचा। जयपुर, बेंगलुरु और अन्य शहरों में भी इसी तरह के कार्यक्रम आयोजित करने की योजना है, जिसके बाद 20 जून को नई दिल्ली के जंतर-मंतर पर एक बड़े प्रदर्शन के साथ इस अभियान का समापन होगा।
पार्टी की पृष्ठभूमि और सोशल मीडिया पर वायरल तस्वीर का सच
कॉकरोच जनता पार्टी के उभरने ने अपने अनोखे इतिहास के कारण जनता का ध्यान खींचा है। इस संगठन का गठन एक न्यायिक सुनवाई के दौरान की गई विवादास्पद टिप्पणियों के बाद हुआ था, जिसने बेरोजगार युवाओं और कार्यकर्ताओं के बीच व्यापक बहस छेड़ दी थी। इसी के बाद समर्थकों ने इस नाम को विरोध के प्रतीक के रूप में अपनाया।
पंजाब के इस कार्यक्रम से पहले, अभिजीत दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के साथ खुद की एक कथित वायरल तस्वीर को लेकर चल रही अफवाहों पर भी सफाई दी। उन्होंने इस दावे को खारिज करते हुए कहा कि यह तस्वीर आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) का उपयोग करके तैयार की गई थी और उन्होंने इस बात पर जोर दिया कि ऐसी कोई मुलाकात कभी नहीं हुई है।
पार्टी प्रतिनिधियों का कहना है कि उनका अभियान राजनीतिक टकराव के बजाय लोकतांत्रिक अभिव्यक्ति और छात्र कल्याण पर केंद्रित है। उनका तर्क है कि निरंतर जनभागीदारी के जरिए नीति-निर्माताओं को परीक्षाओं, भर्तियों और शैक्षिक सुधारों से जुड़ी चिंताओं को दूर करने के लिए प्रेरित किया जा सकता है।
इस आंदोलन पर लगातार बढ़ते ध्यान के साथ, अमृतसर के इस प्रदर्शन से सीजेपी के देशव्यापी संपर्क अभियान में एक और महत्वपूर्ण मील का पत्थर जुड़ने की उम्मीद है, जो जवाबदेही और संस्थागत सुधार की मांग करने वाले युवाओं की आवाज को एक मंच पर लाएगा।
