जालंधर(गुरप्रीत सिंह): मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने शुक्रवार शाम जालंधर के बर्ल्टन पार्क स्टेडियम का मौके पर निरीक्षण किया और आगामी एशियन कप हॉकी टूर्नामेंट की तैयारियों की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को विश्वस्तरीय बुनियादी ढांचे, मजबूत सुरक्षा, सुचारु परिवहन और भीड़ प्रबंधन की व्यापक व्यवस्था सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
दिन में चंडीगढ़ में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक के बाद मुख्यमंत्री ने स्टेडियम पहुंचकर निर्माण कार्य, नवीनीकरण और भाग लेने वाली टीमों तथा दर्शकों के लिए किए जा रहे प्रबंधों की प्रगति का जायजा लिया। उन्होंने अधिकारियों से कहा कि तैयारियों का हर पहलू वैश्विक मंच पर पंजाब की समृद्ध खेल विरासत और आयोजन क्षमता को दर्शाए।
दर्शकों की सुरक्षा, सुविधा और सहूलियत को सर्वोच्च प्राथमिकता बताते हुए मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा, “इस प्रतिष्ठित अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजन को भव्य रूप से सफल बनाने में कोई कसर नहीं छोड़ी जाएगी। पंजाब को अंतरराष्ट्रीय खेल आयोजनों की मेजबानी में नए मानक स्थापित करने चाहिए और हर व्यवस्था अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप होनी चाहिए।”

मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को भीड़ प्रबंधन की व्यापक योजना, मजबूत सुरक्षा व्यवस्था और प्रवेश तथा निकास की सुचारु प्रणाली तैयार करने का निर्देश दिया। उन्होंने कहा, “दर्शकों की सुविधा, सुरक्षा और आराम हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता होनी चाहिए। मैचों से पहले, उनके दौरान या बाद में आगंतुकों को किसी तरह की परेशानी नहीं होनी चाहिए।”
भगवंत सिंह मान ने कहा, “इस स्तर के अंतरराष्ट्रीय टूर्नामेंट की मेजबानी करना पंजाब के लिए गर्व की बात है। हम देश और विदेश से आने वाले खिलाड़ियों, अधिकारियों, दर्शकों और आगंतुकों को उत्कृष्ट अनुभव देने के लिए प्रतिबद्ध हैं। हर व्यवस्था में पेशेवरपन, दक्षता और मेहमाननवाजी के उच्चतम मानक दिखाई देने चाहिए।”
निरीक्षण के दौरान मुख्यमंत्री ने स्टेडियम में लगाई गई नई लाइटिंग व्यवस्था, स्कोरबोर्ड और जारी नवीनीकरण कार्य की समीक्षा की। उन्होंने अधिकारियों को निर्धारित समयसीमा में सभी सुविधाएं पूरी करने और टूर्नामेंट शुरू होने से पहले हर व्यवस्था की पूरी तरह जांच करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा, “बुनियादी ढांचा पूरी तरह काम करने की स्थिति में हो और अंतरराष्ट्रीय स्तर की खेल प्रतियोगिता की जरूरतें पूरी कर सके। भाग लेने वाली टीमों और दर्शकों को दी जाने वाली सुविधाओं में कोई कमी नहीं रहनी चाहिए।”



मुख्यमंत्री ने अंतरराष्ट्रीय टीमों के खिलाड़ियों के लिए समर्पित बसों सहित उपयुक्त परिवहन सुविधाएं अंतरराष्ट्रीय प्रोटोकॉल के अनुसार उपलब्ध कराने के निर्देश भी दिए। उन्होंने कहा, “अंतरराष्ट्रीय टीमों के खिलाड़ियों और अधिकारियों को निर्बाध लॉजिस्टिक सहायता मिलनी चाहिए। टूर्नामेंट का संचालन सुचारु रखने के लिए सभी विभागों को करीबी समन्वय से काम करना होगा और निर्धारित अंतरराष्ट्रीय प्रोटोकॉल का सख्ती से पालन करना होगा।”
अग्रिम योजना के महत्व पर जोर देते हुए मुख्यमंत्री ने संबंधित विभागों से आयोजन से काफी पहले समन्वय कर संचालन संबंधी कमियों की पहचान करने और उन्हें दूर करने को कहा। उन्होंने उचित पहुंच मार्ग, प्रभावी भीड़ नियंत्रण और दर्शकों की आवाजाही सुचारु रखने के निर्देश दिए, ताकि हॉकी प्रेमियों को स्टेडियम में प्रवेश के लिए अनावश्यक इंतजार न करना पड़े।
उन्होंने कहा, “हॉकी प्रेमियों के उत्साह के साथ आयोजन स्थल पर सुरक्षित, सुव्यवस्थित और यादगार अनुभव भी जुड़ा होना चाहिए। टूर्नामेंट की व्यवस्थाओं से जुड़े सभी फैसले सक्षम अधिकारियों के समन्वय से लिए जाएं और सभी संबंधित पक्षों तक स्पष्ट रूप से पहुंचाए जाएं।”
मुख्यमंत्री भगवंत सिंह मान ने कहा कि पंजाब की गौरवशाली परंपरा रही है कि यहां के उत्कृष्ट हॉकी खिलाड़ियों ने राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर देश का नाम रोशन किया है। उन्होंने कहा, “एशियन कप हॉकी टूर्नामेंट की मेजबानी पंजाब की समृद्ध खेल विरासत का उत्सव मनाने, युवाओं को खेल अपनाने के लिए प्रेरित करने और अंतरराष्ट्रीय खेल मानचित्र पर राज्य की स्थिति मजबूत करने का एक और अवसर होगा।”
इस अवसर पर कैबिनेट मंत्री मोहिंदर भगत, हॉकी पंजाब के अध्यक्ष नितिन कोहली और जालंधर के मेयर विनीत धीर सहित अन्य लोग भी उपस्थित थे।
संपादकीय नोट: उपलब्ध खबरों के अनुसार, पंजाब में 27 अक्टूबर से 5 नवंबर तक होने वाला टूर्नामेंट एशियन हॉकी चैंपियंस ट्रॉफी है। प्रस्तुत सामग्री में इसे “एशियन कप हॉकी” कहा गया है; शीर्षक और मूल पाठ का अनुवाद करते समय उसी नाम को बरकरार रखा गया है।
